गाजीपुर। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर जिले में देशभक्ति, शौर्य और सम्मान का भावपूर्ण वातावरण देखने को मिला। सौर्य संगठन एवं यादव महासभा सैनिक प्रकोष्ठ, गाजीपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समारोह में कारगिल के अमर शहीद शेषनाथ यादव की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पूर्व सैनिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य नागरिकों ने भाग लेकर शहीदों के अद्वितीय बलिदान को नमन किया।
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता समाजवादी महिला सभा की प्रदेश सचिव पुनीता सिंह खुशबू ने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा करते हुए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों का ऋण कभी नहीं चुकाया जा सकता। उन्होंने कहा कि शहीदों के परिवारों का सम्मान केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग का नैतिक और सामाजिक दायित्व है। जब पूरा समाज शहीद परिवारों के साथ सम्मानपूर्वक खड़ा होगा, तभी उनके बलिदान का वास्तविक सम्मान होगा।
उन्होंने कहा कि कारगिल के वीर जवानों ने अपने अदम्य साहस और पराक्रम से भारत का मस्तक विश्व पटल पर ऊंचा किया। आज की युवा पीढ़ी को उनके जीवन से प्रेरणा लेकर राष्ट्रसेवा, अनुशासन और देशभक्ति को अपने जीवन का संकल्प बनाना चाहिए। उन्होंने शहीद परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि उनका त्याग सदैव देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहेगा।समारोह के दौरान सौर्य संगठन के पदाधिकारियों ने पुनीता सिंह खुशबू को सम्मानित किया। राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद राष्ट्रगान हुआ तथा उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।read more:https://khabarentertainment.in/prof-dr-rajendra-rajput-receives-guru-shree-2026-award-at-national-level-brings-honour-to-ghazipur/…………….सौर्य संगठन के वरिष्ठ नेता सुरेंद्र फौजी ने सभी को राष्ट्रसेवा का संकल्प दिलाते हुए कहा कि वीर शहीदों के त्याग, बलिदान और राष्ट्रभक्ति की गौरवशाली परंपरा को सदैव जीवित रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।इस अवसर पर कारगिल के अमर शहीद शेषनाथ यादव की पत्नी सरोज यादव, शहीद रामबिलास यादव की पत्नी पुष्पा यादव तथा शहीद अश्विनी यादव की पत्नी को अंगवस्त्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। उपस्थित लोगों ने वीरांगनाओं के धैर्य, त्याग और राष्ट्र के प्रति उनके योगदान को नमन किया।यादव महासभा के वरिष्ठ नेता सुजीत यादव ‘साइकिल’ ने कहा कि कारगिल विजय दिवस केवल एक तिथि नहीं, बल्कि भारत के स्वाभिमान, सैनिकों के अदम्य साहस और शौर्य का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि शहीदों के परिवारों का सम्मान करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। समाज को उनके सुख-दुख में सहभागी बनकर यह संदेश देना चाहिए कि देश अपने वीर सपूतों और उनके परिवारों के साथ सदैव मजबूती से खड़ा है। उन्होंने युवाओं से राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए शहीदों के आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।कार्यक्रम में सूबेदार मेजर मोहम्मद सोबराती, कैप्टन कृष्ण कुमार बिंद, सूबेदार उमाशंकर यादव, सूबेदार ओमप्रकाश यादव, हवलदार रामध्यान यादव, फौजी मोती यादव, कैप्टन अंबिका यादव, फौजी सुदर्शन यादव, सूबेदार लालचन पाल, सूबेदार श्यामदेव राठौर, फौजी कल्याण सिंह यादव सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, सामाजिक कार्यकर्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के गगनभेदी जयघोष के साथ हुआ।