गाजीपुर। गंगा नदी की स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास को लेकर शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद की अध्यक्षता में जिला गंगा समिति एवं जिला पर्यावरण समिति की संयुक्त बैठक आयोजित हुई। बैठक में गंगा को प्रदूषणमुक्त बनाए रखने, ठोस एवं प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन, जल संरक्षण और वृक्षारोपण अभियान की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई।read more:https://khabarentertainment.in/call-to-embrace-dr-syama-prasad-mookerjees-ideas-bjp-organizes-an-ideological-seminar/
मुख्य विकास अधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गंगा में किसी भी प्रकार का अनुपचारित सीवेज, ठोस अपशिष्ट अथवा अन्य प्रदूषक पदार्थ प्रवाहित न होने पाए। उन्होंने नगर निकायों और संबंधित विभागों को नियमित सफाई व्यवस्था, वैज्ञानिक कूड़ा निस्तारण तथा जनजागरूकता अभियान प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।बैठक में वृक्षारोपण, जैव विविधता संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के लिए चल रहे कार्यों की भी समीक्षा की गई। सीडीओ ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। उन्होंने विद्यालयों, ग्राम पंचायतों और नगरीय क्षेत्रों में गंगा स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण को लेकर व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम चलाने पर विशेष जोर दिया।उन्होंने कहा कि केवल पौधारोपण ही नहीं, बल्कि लगाए गए पौधों का संरक्षण भी सुनिश्चित किया जाए ताकि हरित आवरण में वास्तविक वृद्धि हो सके। बैठक में विभागवार प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।बैठक में जिला विकास अधिकारी, प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ), गंगा समिति के अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।