कनहर डैम प्रभावित गांवों के रहवासियों की सुनी जाएगी समस्याएं

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सोनभद्र। कनहर डैम परियोजना से प्रभावित परिवारों की भूमि, पुनर्वास और अन्य लंबित प्रकरणों के समाधान के लिए अब प्रशासन गांवों तक पहुंचेगा। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कलेक्ट्रेट सभागार में कनहर विभाग एवं संबंधित राजस्व अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर 1 से 15 सितंबर तक प्रभावित गांवों में संयुक्त चैपालें लगाने के निर्देश दिए हैं। चैपालों में राजस्व और कनहर विभाग के अधिकारी मौके पर ग्रामीणों की समस्याएं सुनेंगे और निस्तारण योग्य मामलों का स्थानीय स्तर पर समाधान सुनिश्चित करेंगे।जिलाधिकारी ने कहा कि प्रभावित परिवारों से जुड़े मामलों के निस्तारण में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। उप जिलाधिकारी ओबरा और दुद्धी को भूमि की रजिस्ट्री, सत्यापन और अन्य लंबित औपचारिकताओं से जुड़े प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित कराने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पात्र प्रभावित परिवारों को नियमानुसार मिलने वाले लाभ समय से उपलब्ध कराए जाएं। बैठक में डैम के डूब क्षेत्र से प्रभावित अवशेष 252 परिवारों को पुनर्वास पैकेज दिए जाने की प्रक्रिया की भी समीक्षा हुई।read more:https://pahaltoday.com/manveer-singh-arrested-near-nepal-border-sent-to-punjab-under-tight-security/ जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को इन परिवारों का सत्यापन शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सत्यापन प्रक्रिया पारदर्शी और निर्धारित नियमों के अनुरूप हो, ताकि पात्र परिवारों को पुनर्वास पैकेज का लाभ मिल सके। कनहर नहर निर्माण के लिए आवश्यक कृषकों की भूमि क्रय से जुड़े मामलों पर भी बैठक में चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को किसानों से जुड़े भूमि क्रय के लंबित प्रकरणों का परीक्षण कर नियमानुसार समाधान कराने के निर्देश दिए। चैपालों में भूमि, रजिस्ट्री, सत्यापन और पुनर्वास के साथ ही किसानों की अन्य समस्याओं को भी सुना जाएगा। कनहर डैम के शेष निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने लंबित कार्यों को गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बांध की सुरक्षा के दृष्टिगत आवश्यक पुलिस सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। इसके अलावा बांध के समीप स्थानीय लोगों के सुगम आवागमन के लिए उपयुक्त स्थल पर पुल निर्माण की संभावनाओं का सर्वे कराने के भी निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रभावित परिवारों की समस्याओं के समाधान के लिए राजस्व और कनहर विभाग आपसी समन्वय से काम करें। चैपालों का उद्देश्य प्रशासन की सीधी पहुंच प्रभावित ग्रामीणों तक सुनिश्चित करना और लंबित मामलों को यथासंभव स्थानीय स्तर पर समाधान की दिशा में आगे बढ़ाना है। बैठक में मुख्य अभियंता कनहर, अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता सहित राजस्व एवं कनहर विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।

 

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