सोनभद्र। कचनरवा मुख्य बाजार में सड़क किनारे खुलेआम मुर्गा, मछली और मांस की बिक्री को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश है। आरोप है कि मुख्य बाजार, अस्पताल रोड, बागेसोती मार्ग और कोन-विंढमगंज मार्ग तक मीट की दुकानें फैल गई हैं। सड़क किनारे ही वध और कटाई होने से गंदगी, दुर्गंध और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शिकायतों और पूर्व में हुई कार्रवाई के बावजूद स्थिति जस की तस है। कुछ माह पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने छापेमारी कर दो दुकानदारों पर कार्रवाई की थी, लेकिन इसके बाद फिर सड़क किनारे मांस-मछली की बिक्री शुरू हो गई। लोगों का आरोप है कि कार्रवाई महज औपचारिकता बनकर रह गई है, जिससे विक्रेताओं के हौसले बढ़ते जा रहे हैं।read more:https://pahaltoday.com/manveer-singh-arrested-near-nepal-border-sent-to-punjab-under-tight-security/लोगों के मुताबिक खुले में मांस काटने से खून और गंदा पानी सड़क पर फैलता है। इससे बाजार में दुर्गंध और गंदगी बनी रहती है तथा संक्रमण का खतरा भी बढ़ रहा है। वहीं कुछ दुकानों पर बासी और खराब खाद्य सामग्री बेचे जाने की भी शिकायतें हैं। स्थानीय निवासी गंगा यादव, राजेंद्र, प्रदीप, सूबेदार, बिहारी, सुनील, राजेश, सूर्यबली और बिफई समेत अन्य लोगों ने जिलाधिकारी से कचनरवा बाजार को अतिक्रमण मुक्त कराने तथा खुले में मांस की बिक्री पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। लोगों ने बिना लाइसेंस और मानकों के विपरीत संचालित दुकानों की जांच कर कठोर कार्रवाई की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि इसी मार्ग से पांडुचट्टान क्षेत्र से रोरवा शिव मंदिर जाने वाले श्रद्धालु भी आवागमन करते हैं। ऐसे में धार्मिक मार्ग के समीप खुले में मांस की बिक्री को लेकर भी लोगों में नाराजगी है। उधर प्रकरण को लेकर जिला खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के संबंधित अधिकारी से संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।