सहारनपुर में संचारी रोगों की रोकथाम को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। जिलाधिकारी मनीष बंसल के निर्देशों के क्रम में मुख्य विकास अधिकारी सुमित राजेश महाजन की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित नवीन सभागार में संचारी रोग नियंत्रण एवं घर-घर दस्तक अभियान को लेकर अंतर्विभागीय समन्वय समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विभागों के अधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि एक अप्रैल से 30 अप्रैल तक चल रहे विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान और 10 से 30 अप्रैल तक चल रहे घर-घर दस्तक अभियान को पूरी गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ संचालित किया जाए। उन्होंने डेंगू, मलेरिया और अन्य वेक्टर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए नगरीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर एंटी लार्वा छिड़काव और फॉगिंग कराने के निर्देश दिए। इसके साथ ही जलभराव की समस्या का समय पर निस्तारण और साफ-सफाई की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया गया।read more:https://khabarentertainment.in/the-birth-anniversary-of-the-constitution-maker-was-celebrated-in-ward-number-18-of-the-city/ मुख्य विकास अधिकारी ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अभियान के दौरान किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदारी तय करते हुए संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि संचारी रोगों की रोकथाम केवल स्वास्थ्य विभाग का कार्य नहीं है, बल्कि इसके लिए चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, आईसीडीएस, ग्राम्य विकास, पंचायती राज, शिक्षा, नगर निगम, कृषि, सिंचाई, पशुपालन और अन्य विभागों के बीच मजबूत समन्वय आवश्यक है। बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि आमजन को साफ-सफाई, जलभराव से बचाव और व्यक्तिगत स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाए। इसके लिए विभिन्न जनजागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जाए, ताकि लोगों में संचारी रोगों के प्रति समझ विकसित हो सके। बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए गए कि विद्यालयों में बच्चों को इन बीमारियों के प्रति जागरूक किया जाए, जिससे वे अपने परिवार और समाज को भी जागरूक कर सकें। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रवीण कुमार, अपर जिलाधिकारी प्रशासन संतोष बहादुर सिंह, परियोजना निदेशक प्रणय कृष्ण, जिला मलेरिया अधिकारी शिवांका गौड़ सहित सभी संबंधित अधिकारियों और सीएचसी एवं पीएचसी के चिकित्सकों ने बैठक में भाग लिया और अपने-अपने विभागों की कार्ययोजना प्रस्तुत की।
प्रशासन का मानना है कि यदि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और तय जिम्मेदारियों का समय पर निर्वहन करें, तो संचारी रोगों पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है। अभियान के माध्यम से न केवल बीमारियों की रोकथाम का लक्ष्य है, बल्कि आमजन को जागरूक कर एक स्वस्थ समाज का निर्माण भी किया जाना है।