सोनभद्र। सत्ता से बाहर होने के बाद ही सपा को पीडीए की याद आती है। सत्ता में रहते हुए पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक समाज के हितों की उसे कोई चिंता नहीं थी। अब चुनाव नजदीक आते ही इन वर्गों के नाम पर राजनीति की जा रही है। यह बातें अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने रविवार को नगर के एक होटल हाल में आयोजित कार्यकर्ता समागम में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहीं। इस दौरान उन्होंने समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला किया।कहा कि अपना दल (एस) पिछड़े, दलित, शोषित और वंचित समाज के अधिकारों की लड़ाई लगातार लड़ता रहा है। पार्टी ने सदन से सड़क तक इन वर्गों की आवाज उठाई है। बाद उन्होंने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव पहुंचकर लोगों को पार्टी की नीतियों और सरकार में किए गए कार्यों की जानकारी देने का आह्वान किया।
read more:https://pahaltoday.com/villagers-upset-over-garbage-dumping-staged-a-protest-at-the-district-collectorate/जातीय जनगणना के मुद्दे पर अनुप्रिया पटेल ने कहा कि 2011 में जब जातीय जनगणना का अवसर था, उस समय प्रदेश में सपा की सरकार थी और केंद्र में भी उसकी सहयोगी सरकार थी। इसके बावजूद इस दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। अब जातीय जनगणना शुरू होने के बाद इसका श्रेय लेने की राजनीति की जा रही है। आरक्षण को लेकर उन्होंने कहा कि यह संविधान प्रदत्त अधिकार है, कोई खैरात नहीं। जब तक समाज में भेदभाव और सरकारी सेवाओं में पिछड़े वर्गों का बैकलाग है, तब तक आरक्षण की आवश्यकता बनी रहेगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारी में अभी से जुटने तथा बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। कहा कि चुनाव में मजबूत संगठन और सक्रिय कार्यकर्ताओं की भूमिका निर्णायक होगी। इस मौके पर पार्टी के तमाम पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।