म्योरपुर, सोनभद्र। म्योरपुर विकासखंड के गोविंदपुर गांव में सौभाग्य योजना के तहत प्रस्तावित विद्युत आपूर्ति कार्य अधूरा रहने से ग्रामीणों में रोष है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि योजना के तहत गांव में लगाए जाने वाला ट्रांसफार्मर और अन्य विद्युत सामग्री का उपयोग नहीं किया गया, बल्कि उसे बेच दिए जाने की आशंका है। मामले की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग की गई है।ग्रामीणों के अनुसार, तत्कालीन एसडीओ राजेश जायसवाल ने गोविंदपुर में 11 केवी लाइन बनवाकर नियमित बिजली आपूर्ति शुरू कराने का आश्वासन दिया था। इसके तहत श्याम कुंवर के घर से आश्रम मोड़ तक कुछ बिजली के पोल भी लगाए गए थे। लेकिन उनके स्थानांतरण के बाद योजना आगे नहीं बढ़ सकी।reda more:https://khabarentertainment.in/major-action-by-the-food-safety-department-sauce-factory-raided-550-kg-of-stock-destroyed/…………… ग्रामीणों का आरोप है कि वर्तमान में उन्हीं पोलों पर 220 वोल्ट की लाइन खींचकर पास स्थित एक पेट्रोल पंप को बिजली कनेक्शन दे दिया गया, जबकि गोविंदपुर गांव आज भी ट्रांसफार्मर और नियमित विद्युत आपूर्ति का इंतजार कर रहा है। ग्रामीण सर्वजीत सिंह, शिवशरण सिंह, विजय कुमार, भोला, शीतल प्रसाद और राजू सहित अन्य लोगों ने विद्युत विभाग के उच्चाधिकारियों से पूरे प्रकरण की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने तथा गोविंदपुर में शीघ्र ट्रांसफार्मर स्थापित कर बिजली आपूर्ति शुरू कराने की मांग की है। उधर इस संबंध में विद्युत विभाग के एसडीओ शिवम गुप्ता से उनका पक्ष जानने के लिए मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी।