सहारनपुर, अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर जनपद सहारनपुर में आईटीसी सभागार कक्ष में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के लखनऊ से दिए गए संबोधन का सजीव प्रसारण कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं श्रमिकों द्वारा देखा गया।read more:https://pahaltoday.com/a-young-man-jumped-from-the-saryu-bridge-rescued-by-boatmen-troubled-by-family-feud-and-demanded-a-fencing-on-the-bridge/कार्यक्रम का उद्देश्य श्रमिकों को उनके अधिकारों, कल्याणकारी योजनाओं और सरकारी सुविधाओं के प्रति जागरूक करना था। आयोजन में बड़ी संख्या में संगठित एवं असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों ने भाग लिया। कार्यक्रम में लगभग 200 श्रमिकों के साथ-साथ विभिन्न विभागों के अधिकारी, समाजसेवी और ट्रेड यूनियन के पदाधिकारी उपस्थित रहे। इस मौके पर नगर विधायक राजीव गुम्बर, जिला पंचायत अध्यक्ष मांगेराम चौधरी, जिलाधिकारी अरविन्द्र कुमार चौहान, मुख्य विकास अधिकारी सुमित राजेश महाजन, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट, उपायुक्त उद्योग, चेम्बर ऑफ इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधि रविन्द्र मिगलानी, आईआईए से रामजी सुनेजा, आईटीसी के जनरल मैनेजर संदीप शर्मा सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने श्रमिकों को संबोधित करते हुए कहा कि श्रमिक समाज और देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। उन्होंने कहा कि राज्य और केंद्र सरकार द्वारा श्रमिकों के उत्थान के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनका लाभ अधिक से अधिक श्रमिकों तक पहुंचाना प्राथमिकता है। श्रमिकों को विभिन्न श्रम अधिनियमों और उनके अधिकारों के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर श्रम विभाग द्वारा पंजीकृत 14 निर्माण श्रमिकों को विभिन्न योजनाओं के तहत 12,01,825 रुपये की आर्थिक सहायता वितरित की गई। इनमें शिशु मातृत्व एवं बालिका मदद योजना, कन्या विवाह सहायता योजना तथा निर्माण कामगार मृत्यु एवं दिव्यांगता सहायता योजना शामिल हैं। इसके साथ ही बंधुआ श्रम उन्मूलन अभियान के अंतर्गत 15 अवमुक्त बंधुआ श्रमिकों को 18,75,000 रुपये की एफडी/हितलाभ प्रदान किया गया। अधिकारियों ने बताया कि यह सहायता श्रमिकों को आत्मनिर्भर बनाने और उनके जीवन स्तर को सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम में श्रमिकों को सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई, जिससे वे भविष्य में इन योजनाओं का लाभ उठाकर अपने जीवन को बेहतर बना सकें। अधिकारियों ने यह भी बताया कि श्रमिकों का पंजीकरण कराना अत्यंत आवश्यक है, ताकि उन्हें सभी सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने श्रमिकों को अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस की शुभकामनाएं दीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि श्रमिकों के सम्मान और अधिकारों की रक्षा करना सरकार की प्राथमिकता है और इसके लिए निरंतर प्रयास जारी रहेंगे। इस आयोजन ने न केवल श्रमिकों को जागरूक किया, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में भी एक सकारात्मक संदेश दिया। सहारनपुर में इस तरह के कार्यक्रमों से श्रमिकों के जीवन में वास्तविक परिवर्तन लाने की उम्मीद जताई जा रही है।