सोनभद्र। घोरावल विधानसभा क्षेत्र के बनौरा गांव में प्रस्तावित विंध्य एक्सप्रेस-वे के विरोध में शुक्रवार को किसानों का आक्रोश खुलकर सामने आया। सैकड़ों किसानों ने प्रदर्शन कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और पुश्तैनी जमीन बचाने का संकल्प दोहराते हुए चेतावनी दी कि उनकी सहमति के बिना भूमि अधिग्रहण स्वीकार नहीं किया जाएगा।प्रदर्शन का नेतृत्व किसान नौजवान संघर्ष मोर्चा के संयोजक संदीप मिश्रा ने किया। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास के नाम पर किसानों की उपजाऊ कृषि भूमि अधिग्रहित की जा रही है, जिससे हजारों परिवारों की आजीविका प्रभावित होगी। उन्होंने कहा कि सरकार को किसानों के हितों की रक्षा करनी चाहिए, न कि उनकी जमीन छीनने का प्रयास करना चाहिए। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने कहा कि प्रस्तावित एक्सप्रेस-वे के वर्तमान एलाइनमेंट से बड़ी संख्या में किसानों की उपजाऊ भूमि प्रभावित होगी।read more:https://pahaltoday.com/ballia-police-receive-two-modern-interceptor-bikes-sp-omvir-singh-flags-them-off/उन्होंने सरकार से परियोजना पर पुनर्विचार करने और किसानों के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की। किसान बबलू कुमार ने कहा, जान भले चली जाए, लेकिन अपनी पुश्तैनी जमीन नहीं देंगे। वहीं रुपेश दूबे ने आरोप लगाया कि किसानों के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है। रामसिंह पटेल और पूर्व प्रधान शकील अहमद ने भी कहा कि यदि किसानों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। सभा को संबोधित करते हुए संदीप मिश्रा ने कहा कि जब तक किसानों की जमीन और अधिकार सुरक्षित नहीं होंगे, तब तक लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों की समस्याओं का समाधान करे और उनकी आवाज सुने। प्रदर्शन के अंत में किसानों ने एक स्वर में चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो विंध्य एक्सप्रेस-वे के विरोध में आंदोलन को और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन में बबलू प्रधान, रामसिंह पटेल, शकील अहमद, सुरेश मौर्य, दिनेश चेरो, आकाश चैहान, विजय चैहान सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।