सहारनपुर। विकासखंड नागल अंतर्गत ग्राम पंचायत पनियाली कासमपुर में रविवार को वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 के तहत व्यापक स्तर पर पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान डब्ल्यूडीसी (वाटरशेड डेवलपमेंट) योजना के अंतर्गत जीर्णोद्धार किए गए तालाब के चारों ओर करीब 1000 पौधों का रोपण किया गया। कार्यक्रम में ग्रामवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए एक पेड़ मां के नाम अभियान को सफल बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष मांगेराम चैधरी ने की। उनके साथ संयुक्त कृषि निदेशक सहारनपुर मंडल, उप कृषि निदेशक संदीप पाल, जिला कृषि अधिकारी कपिल कुमार तथा कृषि विभाग के भूमि संरक्षण अनुभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे। इस अवसर पर मांगेराम चैधरी ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। जलवायु परिवर्तन, बढ़ते प्रदूषण और भूजल स्तर में गिरावट जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए अधिक से अधिक पौधारोपण करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनका संरक्षण और नियमित देखभाल भी प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।read more:https://khabarentertainment.in/cunning-man-arrested-for-pressuring-woman-into-marriage-through-blackmail/ उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि प्रत्येक परिवार कम से कम एक पौधा अपनी मां के नाम अवश्य लगाए और उसे वृक्ष बनने तक संरक्षित रखे। उन्होंने कहा कि तालाबों का संरक्षण और उनके आसपास हरियाली विकसित करने से जल संरक्षण के साथ-साथ पर्यावरण संतुलन भी मजबूत होगा। सरकार द्वारा चलाए जा रहे वृक्षारोपण महायज्ञ में जनभागीदारी ही इसकी सबसे बड़ी सफलता है। कार्यक्रम के दौरान कृषि विभाग के अधिकारियों ने पौधारोपण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए ग्रामीणों को पौधों की देखभाल, सिंचाई और संरक्षण के संबंध में आवश्यक जानकारी भी दी। ग्रामवासियों ने पूरे उत्साह के साथ पौधे लगाए और उन्हें सुरक्षित रखने का सामूहिक संकल्प लिया। वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 के अंतर्गत आयोजित यह अभियान पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि एवं कृषि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने हरित एवं स्वच्छ पर्यावरण के निर्माण के लिए अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का संदेश दिया।