नानौता। मंगलवार देर शाम जैसे ही आसमान पर माहे मोहर्रम का चाँद दिखाई दिया नगर के सभी इमाबरगहों में फर्श ए मजलिस बिछ गया और नगर के मोहल्ला छत्ता स्थित इमाम बारगाह असद अली छत्ता में मजलिस का आयोजन किया गया। मजलिस के बाद एक विशाल गश्ती जलूस बरामद हुआ जो तमाम इमाम बारगाहो में हाजरी देते हुए दादा मिराजी रोड कर्बला पर पहुंचा जहाँ से इमाम बारगाह महल इमाम बारगाह हुसैनिया इमामिया हाल से कदीम इमाम बारगाह सबजवरियान पर जाकर समाप्त हुआ। जलूस कि समाप्ति के बाद इमाम बारगाह सबजवारीयान इमाम बारगाह दरबारे हुसैन कोट में मजलिस का आयोजन किया गया।read more:https://pahaltoday.com/sukesh-chandrashekhar-granted-bail-in-rs-200-crore-money-laundering-case/ मोहर्रम कि पहली तारीख को इमाम बारगाह मासूमा बैगम छूम्मा में मजलिस बरपा कि गई जिसमें बिहार के ओरंगाबाद से आय हुए मौलाना गुलाम शब्बर नें हजरत इमाम हुसैन कि शिक्षाओं पर प्रकाश डाला और वहाँ मौजूद लौगो को मजलिस मातम नें शरीक होने के आदाब सिखाये मजलिस के आखिर में मौलाना गुलाम शबबर नें इमाम हुसैन कि मदीना से कर्बला कि रवानगी के मसायब बयां किये। मजलिस में मौलाना मुख्तार हुसैन, शौक आब्दी, हाजी शब्बीर हुसैन, हाजी मोहम्मद अहसन, वसीम अख्तर बब्बू, इम्तियाज हुसैन, मोहमद कासिम, मास्टर सदाकत हुसैन, अजादार हुसैन, मोहम्मद हादी, महमूद अली, मिन्हाल अली, समर मेहदी सहित सैकड़ो लौग मौजूद रहे।