आजमगढ़। सगड़ी तहसील क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित गांव देवारा खास राजा के मौजा बगहवा में जिलाधिकारी ने सोमवार को पहुंचकर राहत एवं पुनर्वास कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और विभिन्न सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी स्थिति का निरीक्षण किया।निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने गांव में चारपाई पर बैठकर बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों से बाढ़ के कारण उत्पन्न समस्याओं, राहत सामग्री की उपलब्धता, राशन वितरण तथा अन्य सरकारी सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। बच्चों सृष्टि और आदित्य से भी संवाद कर उनकी पढ़ाई, विद्यालय एवं आंगनबाड़ी केंद्रों की स्थिति के बारे में पूछा।ग्रामीणों से बातचीत के दौरान गांव की बुजुर्ग महिलाओं गुलैची और दुर्गावती ने वृद्धावस्था पेंशन का लाभ न मिलने की शिकायत की। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने मौके पर मौजूद खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) को दोनों महिलाओं की पात्रता की जांच कर तत्काल पेंशन स्वीकृत कराने के निर्देश दिए।जिलाधिकारी ने गांव में प्रधानमंत्री आवास योजना, राशन कार्ड, शौचालय निर्माण, पेंशन योजनाओं तथा अन्य कल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों की स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में किसी भी पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रखा जाए।read more:https://pahaltoday.com/man-dies-in-road-accident-in-barhalganj/निरीक्षण के दौरान बाढ़ राहत कार्यों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों से नावों की उपलब्धता, राहत सामग्री वितरण, चिकित्सा सुविधाओं और पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली गई। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों पर लगातार नजर बनाए हुए है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाएगा तथा राहत एवं सहायता कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।जिलाधिकारी के दौरे से ग्रामीणों में भरोसा बढ़ा है। स्थानीय लोगों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन की सक्रियता से बाढ़ प्रभावित परिवारों को समय पर राहत और सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सकेगा।