फतेहपुर। जनपद में स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा निजी पैथोलॉजी पर लगातार शिकायत पर छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है, लेकिन इसके बावजूद मानकों की अनदेखी कर पैथोलॉजी का संचालन बदस्तूर जारी है। एसीएमओ के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शिकायत पर कई निजी पैथोलॉजी जैसे RN पैथोलॉजी अलीपुर शिकायत संख्या 40017225040941 दिनांक 30/12/2025, बालाजी पैथोलॉजी औंग शिकायत संख्या 40017226012053 दिनांक 22/04/2026, आशा पैथोलॉजी कुंवरपुर शिकायत संख्या 40017226012421 दिनांक 25/04/2026, ऋषिका पैथोलॉजी सातमील शिकायत संख्या 40017226012422 दिनांक 25/04/2026 की शिकायत पर छापा मारकर जांच पड़ताल की।read more:https://pahaltoday.com/big-blow-to-sp-senior-mirzapur-leader-amitabh-pandey-resigns/ कार्यवाही के नाम पर निजी पैथोलॉजी में दस्तावेजों, पंजीकरण, चिकित्सकीय व्यवस्थाओं और स्टाफ की जांच की गई। कार्यवाही के नाम पर अभी भी स्वास्थ्य विभाग की टीम के द्वारा नोटिस देकर खाना पूर्ति की गई लेकिन जब इस मामले में सीएमओ ऑफिस में पता किया गया तो पता चला नोटिस कि आड़ में पैथोलॉजी चलाई जा रही है वही बताया कि नियमानुसार मरीज से जांच के नाम पर मोटी रकम लेकर जांच रिपोर्ट गलत देकर अपना कमीशन बढ़ाया जाता है। इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम के द्वारा निरीक्षण के बाद भी नोटिस देकर खानापूर्ति की गई। अब सवाल यह उठता है कि जब यह पैथोलॉजी पूर्णता गलत है तो नोटिस देकर केवल खानापूर्ति क्यों की जा रही है???? कार्रवाई के नाम पर नोटिस नोटिस क्यों खेला जा रहा है ??? पैथोलॉजी संचालकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पैथोलॉजी को सीज क्यों नहीं किया जा रहा है???? आखिर क्यों प्रत्येक नोटिस में यही लिखा जाता है कि मौके पर रजिस्ट्रेशन नहीं मिला स्पष्टीकरण 3 दिन में दो????।