बाराबंकी। जिला पंचायत सिद्धार्थनगर में तैनात प्रशासनिक अधिकारी प्रदीप सिंह का रविवार को इलाज के दौरान निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही परिवार, रिश्तेदारों, शुभचिंतकों और प्रशासनिक विभाग में शोक की लहर दौड़ गई। शांत स्वभाव और मिलनसार व्यक्तित्व के लिए पहचाने जाने वाले प्रदीप सिंह मूल रूप से उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जनपद के निवासी थे। परिजनों के अनुसार वह लंबे समय से गंभीर बीमारी से पीड़ित थे और उनका इलाज लखनऊ स्थित अपोलो हॉस्पिटल में चल रहा था। चिकित्सकों की निगरानी में उन्हें नियमित डायलिसिस भी दी जा रही थी। रविवार को अचानक उनकी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई, जिसके बाद परिजन उन्हें तत्काल इलाज के लिए लखनऊ ले जा रहे थे। रास्ते में उनकी हालत और गंभीर हो गई। आनन-फानन में उन्हें बाराबंकी जिला अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर लाया गया, जहां डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। पत्नी शोभा सिंह ने बताया कि रास्ते में ही उनकी स्थिति बेहद नाजुक हो गई थी और काफी प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। प्रदीप सिंह के निधन के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है।read more:https://pahaltoday.com/government-schools-remain-locked-childrens-future-in-पत्नी शोभा सिंह, पुत्र अभिषेक सिंह और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वह अपने पीछे पत्नी, एक पुत्र और एक पुत्री सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके निधन की खबर मिलते ही परिचितों और शुभचिंतकों का घर पर तांता लग गया। लोगों ने उन्हें एक जिम्मेदार, ईमानदार और सहयोगी अधिकारी बताते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। परिजनों ने बताया कि इस कठिन समय में बाराबंकी के जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने संवेदनशीलता दिखाते हुए सरकारी एंबुलेंस की व्यवस्था कराने में सहयोग किया। वहीं जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. जेपी मौर्य ने भी हर संभव सहायता उपलब्ध कराई। परिवार ने प्रशासन और चिकित्सा अधिकारियों के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। प्रदीप सिंह के निधन से प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों में भी गहरा शोक व्याप्त है। सहकर्मियों ने कहा कि वह बेहद सरल, कर्तव्यनिष्ठ और व्यवहार कुशल अधिकारी थे, जिनकी कमी लंबे समय तक महसूस की जाएगी।