बिजनौर । शहर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत हीलर्स हॉस्पिटल से काली माता मंदिर मार्ग पर गाड़ियों में सवार होकर एक-दूसरे पर जानलेवा फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले दो शातिर अभियुक्तों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त स्कॉर्पियो गाड़ी तथा एक अवैध तमंचा बरामद हुआ है। पुलिस ने स्कॉर्पियो को सीज कर दिया है तथा दोनों पक्षों के अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
16 सितंबर को बीच सड़क पर चली थीं गोलियां
घटनाक्रम के अनुसार, 16 सितंबर 2026 को शहर कोतवाली क्षेत्र में दो चौपहिया वाहनों के बीच अंधाधुंध फायरिंग की सूचना मिली थी। सरेराह हुई इस गोलीबारी से क्षेत्र में भारी दहशत फैल गई थी। उपनिरीक्षक शेखर कुमार की तहरीर और सीसीटीवी फुटेज की जांच के बाद पुलिस ने बीएनएस की धारा 109(1) और 7 क्रिमिनल लॉ एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया था।read more:https://pahaltoday.com/mobile-court-visits-ballia-to-hear-grievances-of-persons-with-disabilities-state-commissioner-issues-strict-directives/
मुखबिर की सूचना पर दबोचे गए दोनों गुटों के आरोपी
थाना कोतवाली शहर पुलिस, स्वाट व सर्विलांस की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए फायरिंग में शामिल दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया:
आकाश पुत्र ओमप्रकाश (निवासी ग्राम कनकखेड़ी, थाना धामपुर, बिजनौर) — इसके पास से घटना में प्रयुक्त स्कॉर्पियो (यूके 07 एटी 0058) बरामद हुई, जिसे 207 एमवी एक्ट में सीज किया गया। हिमांशु पुत्र ब्रह्मपाल (निवासी ग्राम स्योहारा गिरधर, थाना कोतवाली शहर, बिजनौर) — इसके कब्जे से घटना में इस्तेमाल 315 बोर का एक अवैध तमंचा बरामद हुआ। पुलिस ने मामले में आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 की वृद्धि की है। आमने-सामने फायरिंग की यह थी। पूछताछ में सामने आया कि 16 सितंबर को आरोपी हिमांशु अपने साथी अंकित सेतिया, विशाल उर्फ लोहरा, प्रशांत उर्फ चण्डी व अन्य के साथ फोर्ड इकोस्पोर्ट (यूपी 20 ए डव्लू 0779) से नूरपुर की तरफ जा रहा था। बिजनौर बाईपास रोड पर स्कॉर्पियो सवार युवकों ने उनकी गाड़ी पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में इकोस्पोर्ट सवारों ने भी गोलियां चलाईं, जिससे स्कॉर्पियो का पिछला शीशा टूट गया। वहीं, स्कॉर्पियो सवार दूसरे पक्ष के गिरफ्तार आरोपी आकाश ने बताया कि वह गब्बर उर्फ गर्बर, अमजद, दीपक, अमन, प्रशान्त और रिकुल के साथ स्कॉर्पियो में मौजूद था। काली माता मंदिर के पास इकोस्पोर्ट सवारों द्वारा गोली चलाए जाने पर उनकी तरफ से भी जवाबी फायरिंग की गई थी। घटना के बाद दोनों पक्ष मौके से फरार हो गए थे।
आरोपी हिमांशु पर पहले से दर्ज हैं कई मुकदमे
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्त हिमांशु का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ कोतवाली शहर, अफजलगढ़ और मंडावर थानों में जानलेवा हमला, बलवा, महामारी अधिनियम और आर्म्स एक्ट से जुड़े करीब 4 मुकदमे पहले से दर्ज हैं। वहीं आकाश पर भी इस घटना के संबंध में गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है।
पुलिस टीम की कार्रवाई
निरीक्षक सचिन कुमार (प्रभारी स्वाट/सर्विलांस), प्रभारी निरीक्षक अवनीत मान (कोतवाली शहर), उपनिरीक्षक हिमांशु, उपनिरीक्षक शौकत अली, उपनिरीक्षक संजीव कुमार और उनकी टीम ने घेराबंदी कर दोनों को दबोचा। पुलिस का कहना है कि घटना में शामिल बाकी 10-15 नामजद व अज्ञात आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।