उत्तर रेलवे की महत्वपूर्ण ट्रेन 14117/14118 कालिंदी एक्सप्रेस के प्रस्तावित मार्ग परिवर्तन को लेकर फर्रुखाबाद जनपद में विरोध तेज हो गया है। स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों एवं यात्रियों ने इस निर्णय को क्षेत्र के हितों के विरुद्ध बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया है।read more:https://khabarentertainment.in/honorarium-of-shikshamitras-increased-got-honour-in-the-felicitation-ceremony/इस संबंध में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को संबोधित एक ज्ञापन फतेहगढ़ कलेक्ट्रेट में तैयार कर स्टेशन अधीक्षक के माध्यम से प्रेषित किया गया। ज्ञापन में ट्रेन के मार्ग परिवर्तन को तत्काल प्रभाव से रोकने की मांग की गई है।उल्लेखनीय है कि कालिंदी एक्सप्रेस पिछले लगभग चार दशकों से फर्रुखाबाद और दिल्ली के बीच आवागमन की प्रमुख कड़ी रही है। हाल ही में इस ट्रेन का विस्तार कानपुर होते हुए प्रयागराज जंक्शन तक किया गया था, जिससे क्षेत्रीय संपर्क और मजबूत हुआ था।प्राप्त जानकारी के अनुसार कानपुर के अनवरगंज स्टेशन से मंधना के बीच प्रस्तावित एलिवेटेड रेलवे ट्रैक निर्माण कार्य के चलते रेलवे प्रशासन इस ट्रेन को फर्रुखाबाद-कानपुर मार्ग से हटाकर शिकोहाबाद-इटावा-कानपुर मार्ग से संचालित करने की योजना बना रहा है।स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि यह परिवर्तन लागू होता है तो फर्रुखाबाद का सीधा रेल संपर्क प्रभावित होगा, जिससे यात्रियों को असुविधा के साथ-साथ स्थानीय व्यापार पर भी नकारात्मक असर पड़ेगा। व्यापारियों ने आशंका जताई है कि इससे क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों में गिरावट आ सकती है।यात्रियों ने वैकल्पिक मार्ग को अव्यवहारिक बताते हुए इसे क्षेत्र के साथ अन्याय करार दिया है। प्रशासन से मांग की गई है कि जनहित को ध्यान में रखते हुए वर्तमान मार्ग को यथावत रखा जाए।फिलहाल रेलवे प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन क्षेत्र में इस मुद्दे को लेकर जनभावनाएं लगातार उग्र होती जा रही हैं।