कायमगंज / फर्रुखाबाद
क्षेत्रीय ग्राम दुंदीनगला में एक मामूली सी चिंगारी ने ऐसा तांडव मचाया कि देखते ही देखते एक गरीब परिवार की पूरी मेहनत की कमाई राख की ढेरी में तब्दील हो गई। आग की भयावह लपटें और आसमान में उठते धुएं के गुबार ने पूरे गांव को दहशत में डाल दिया।बताया जाता है कि इस गांव के निवासी विनोद की पत्नी रीना देवी दोपहर के समय घर के बाहर बने छप्पर के नीचे चूल्हे पर खाना बना रही थीं। तभी अचानक चूल्हे से उठी एक चिंगारी तेज हवा के साथ छप्पर पर जा गिरी। सूखे छप्पर पर गिरी चिंगारी पल भर में आग का विकराल रूप बन गई ।कुछ ही मिनटों में आग ने भयानक रूप धारण कर पूरे छप्पर को अपनी चपेट में ले लिया। लपटें इतनी तेज थीं कि आसपास के लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही आग ने झोपड़ी के भीतर खड़ी मोटरसाइकिल, राशन, कपड़े और गृहस्थी का सारा सामान जलाकर राख बना दिया ।
आग की लपटों से उठती तपिश और धुएं के काले गुबार आसमान की ओर काफी ऊँचाई तक दिखाई पड़ रहे थे ।
मौके पर चीख-पुकार मच गई। ग्रामीण बाल्टियों में पानी भरकर आग बुझाने दौड़े, लेकिन आग की भीषणता के आगे उनकी कोशिशें बेअसर साबित हुईं। *दिखा तबाही का मंजर:*जहां कभी एक परिवार की मेहनत और सपनों का आशियाना था, वहां अब सिर्फ राख और जले हुए सामान के अवशेष ही बचे हैं। पीड़ित परिवार के पास अब केवल वही कपड़े रह गए हैं, जो उन्होंने घटना के समय पहन रखे थे।घटना की सूचना मिलते ही राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची। लेखपाल खुशबू और कानूनगो रवींद्र कुमार ने घटनास्थल का निरीक्षण कर नुकसान का आकलन किया। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि शासन स्तर से पीड़ित परिवार को सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।* पीड़ितों में मचा कोहराम:*अपनी आंखों के सामने सालों की जमा-पूंजी को जलते देख परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। इस अग्निकांड ने उन्हें आर्थिक रूप से पूरी तरह तोड़ दिया है।