सलीम अहमद-गाजीपुर जमानियां । संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा 2025 के परिणाम में गाजीपुर जिले के जमानियां क्षेत्र के दो होनहारों ने शानदार सफलता हासिल कर क्षेत्र, तहसील और जनपद का नाम रोशन किया है। विकास खंड जमानियां के गायघाट गांव के निवासी दीपक कुशवाहा ने 672वीं रैंक प्राप्त की है, जबकि अभईपुर गांव की डॉ. आकांक्षा सिंह ने ऑल इंडिया रैंक 21 हासिल कर जिले का गौरव बढ़ाया है। दोनों की सफलता की खबर मिलते ही उनके गांवों और आसपास के क्षेत्रों में खुशी का माहौल है।ग्राम गायघाट निवासी रामवृक्ष सिंह कुशवाहा के पुत्र दीपक कुशवाहा की सफलता से पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। दीपक के घर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। दीपक के पिता रामवृक्ष सिंह कुशवाहा भारतीय सेना से सूबेदार पद से सेवानिवृत्त हैं और वर्तमान में जमानियां स्टेशन बाजार स्थित बजरंग कॉलोनी में अपने मकान पर किराना की दुकान चलाते हैं। दीपक दो बड़ी बहनों सरिता और संगीता के छोटे भाई हैं।read more:https://pahaltoday.com/young-man-brutally-murdered-by-slitting-his-throat-chaos-in-the-house/
दीपक की प्रारंभिक शिक्षा क्षेत्र में ही हुई। उन्होंने कड़ी मेहनत, अनुशासन और सही रणनीति के साथ तैयारी करते हुए यूपीएससी परीक्षा में 672वीं रैंक प्राप्त की। दीपक ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता के आशीर्वाद, परिवार के सहयोग और लगातार की गई मेहनत को दिया है। उनकी सफलता से गायघाट गांव, बजरंग कॉलोनी स्टेशन बाजार सहित पूरे जमानियां क्षेत्र में खुशी का माहौल है।वहीं जमानियां विकास खंड के ही अभईपुर गांव की बेटी डॉ. आकांक्षा सिंह ने भी यूपीएससी 2025 में शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया रैंक 21 हासिल की है। आकांक्षा सिंह रणजीत सिंह और नीलम सिंह की पुत्री हैं। उन्होंने एमबीबीएस और एमएस की पढ़ाई पूरी की है और दूसरे प्रयास में यह बड़ी सफलता प्राप्त की है।आकांक्षा सिंह ने अपनी चिकित्सा शिक्षा अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) पटना से प्राप्त की। उन्होंने बताया कि इस उपलब्धि के पीछे लगातार मेहनत, अनुशासित अध्ययन और माता-पिता व गुरुओं का आशीर्वाद रहा है।दीपक कुशवाहा और डॉ. आकांक्षा सिंह की इस सफलता से जमानियां क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल है। ग्रामीणों, शिक्षकों, सामाजिक संगठनों और जनप्रतिनिधियों ने दोनों प्रतिभाओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। दोनों की उपलब्धि से गाजीपुर जिले का मान-सम्मान राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ा है।