लखनऊ । एक तरफ जहाँ उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव 2027 में होना सम्भावित है वही दूसरी तरफ वर्तमान राजनीतिक परिवेश में कई कारणों से उथल – पुथल मची हुई है 7 भारतीय जनता पार्टी अपने आप को हर संभव प्रयास से तीसरी बार लगातार सरकार बनाने की कवायद शुरू कर चुकी है वही समाजवादी पार्टी भी रेस में बनी हुई है 7 बहुजन समाजवादी पार्टी और कांग्रेस कुछ बड़ा खेल कर जाये फि़लहाल ऐसा कोई जमीनी हकीकत नहीं दिख रही है 2022 के चुनाव में जहाँ भारतीय जनता पार्टी 255 सीटों पर अकेले चुनाव विजेता रही वही समाजवादी पार्टी 111 सीटों पर, बहुजन समाजवादी पार्टी महज एक सीट जीत पायी थी 7 देश की राजनीति का केंद्र बिंदु उत्तर प्रदेश हमेशा से अपने अलग राजनीतिक व्यवहार के लिए जाना जाता रहा है
अपनी कुर्सी बचाने के लिए देश और प्रदेश पहले हिन्दू मुस्लिम में राजनेताओ ने विभाजित करने में अहम् भूमिका निभाया और उसके पश्चात् हिन्दू हिन्दू को विभाजित करके अपन राजनीतिक वर्चस्व बनाये रखने की कोशिश हो रही है ऐसे में अखिल भारतीय हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ऋषि त्रिवेदी ने 150 विधानसभा सीटों पर चुनाव लडऩे की घोषणा करके राजनीतिक अखाड़े में नई बहस को जन्म दे दिया है .विभिन्न राजनीतिक पार्टियों पर एक लेवल लगा हुआ है की अमुक पार्टी इस समुदाय जाति या मजहब के लोगों की ही वही अखिल भारतीय हिन्दू महासभा ने अपने नारे “जात पात की करों बिदाई, हिन्दू हिन्दू भाई भाई…. के जरिये आम लोगों में तेजी से अपनी पकड़ मजबूत कर रही है अखिल भारतीय हिन्दू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री ऋषि त्रिवेदी ने लगातार हिन्दू एकता को बढावा देने के अनेकों कार्य किये है और धर्म के प्रचार-प्रसार में लगातार संलग्न है 7 उनके द्वारा हप्ते में एक दिन सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ नजदीकी मंदिर में करने की मुहीम को व्यापक सहयोग मिल रहा है लक्ष्मण टीला के मुद्दे पर कोर्ट में वह एक पक्षकार है 7 विभिन्न समाजिक मुद्दों को लेकर कई बार जेल भी जा चुके है 7 हिन्दू एकता की बात प्रत्येक प्लेटफार्म पर खुलकर कहते है और हिन्दू राष्ट्र बनाने के लिए लगातार कार्य उनके निर्देशन में हो रहा है उनकी चुनाव लडऩे की घोषणा से राजनीतिक परिदृश्य अब खुली आँखों से कोई भी आंकलित नहीं कर सकता है क्योंकि हल फिलहाल में केंद्र और राज्य सरकार के कई ऐसे निर्णय लिए है जिससे हिन्दू हिन्दू से बटता हुआ दिखाई पड़ा है
ऐसे में नाराज लोगों का हिन्दू महासभा में जाना स्वाभाविक भी है 7 चुनाव लडऩे की प्रतिबद्धता 150 सीटों पर घोषणा करने के पूर्व जमीनी रूप से लोगो को एकत्रित वर्षो से चले आ रहे है 7 उत्तर प्रदेश के लिए ऋषि त्रिवेदी एक ऐसा नाम है जो कार्य को जमीनी स्तर पर करने के लिए जाना जाता है यह दिलचस्प होगा की आगामी विधानसभा चुनाव में किसे सत्ता मिलती है किसे नहीं पर ऋषि त्रिवेदी द्वारा लगातार जमीनी स्तर पर कार्य करने और हिन्दुओं को जोडऩे के लिए चलाये जा रहे सार्थक मुहीम के आधार पर कहा जा सकता है की उनकी पार्टी अखिल भारतीय हिन्दू महासभा विधान सभा चुनाव 2027 के लिए प्रदेश में नए विकल्प बनने के लिए सारी रणनीति बना चुकी है और उनके लाखो कार्यकर्त्ता और साथी लगातार इस मुहीम को सार्थक बनाने हेतु कार्य कर रहें है तेजी से हिन्दुओ का उनके साथ जुडऩा और उनके कार्यक्रमों में भारी भीड़ का जुटना, संगठन का मजबूत होना इस बात को प्रदर्शित करता है की यह पार्टी उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव 2027 में अपनी अहम् भूमिका जरुर अदा करेगी और वर्षो से स्थापित राजनीतिक पार्टियों के लिए एक नई चुनौति के रूप में सामने आ सकती है .