उन्नाव। बिछिया ब्लॉक के उच्च प्राथमिक विद्यालय नेवरना में गुरुवार सुबह शिक्षकों की लापरवाही सामने आने से शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया। जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) सुनील दत्त के औचक निरीक्षण के दौरान सुबह करीब साढ़े आठ बजे तक विद्यालय में एक भी शिक्षक मौजूद नहीं मिला। मुख्य गेट बंद था और बच्चे स्कूल के बाहर व परिसर में शिक्षकों के आने का इंतजार करते मिले।
डीआईओएस ने बच्चों से बातचीत की तो उन्होंने बताया कि विद्यालय में छह शिक्षक तैनात हैं, लेकिन निरीक्षण के समय तक कोई भी शिक्षक स्कूल नहीं पहुंचा था। बच्चों के मुताबिक, एक शिक्षक ने स्कूल की चाबी एक बच्चे को दे रखी है और उसे समय से विद्यालय खोलने के लिए कहा जाता है। बच्चों ने शिक्षकों के अक्सर देर से पहुंचने की बात भी बताई।निरीक्षण के दौरान प्रधानाध्यापक कक्ष, रसोई समेत कई अन्य कमरे भी बंद मिले।read more:https://pahaltoday.com/demand-to-remove-government-country-liquor-shop-villagers-stage-protest-at-the-collectorate/#google_vignette बारिश के मौसम को देखते हुए डीआईओएस ने किसी तरह विद्यालय का गेट खुलवाकर बच्चों को अंदर कराया। मामले की जानकारी उन्होंने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) को दी।इसके बाद बीएसए शैलेश पाण्डेय ने प्रधानाचार्य समेत विद्यालय के पूरे स्टाफ को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए वेतन अग्रिम आदेशों तक रोक दिया। सभी कर्मचारियों से तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है।डीआईओएस सुनील दत्त ने बताया कि यह नियमित निरीक्षण की प्रक्रिया के तहत किया गया था। डिस्ट्रिक्ट टास्क फोर्स के तहत अधिकारियों को प्रत्येक माह कम से कम पांच विद्यालयों का निरीक्षण करना होता है। इसी क्रम में विद्यालय का निरीक्षण किया गया था। उन्होंने बताया कि बच्चों के बयान और मौके की स्थिति के आधार पर कार्रवाई के लिए बीएसए को रिपोर्ट दी गई है। निरीक्षण के दौरान बच्चों से बातचीत का वीडियो भी सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा है।