शेरकोट । पर्वतीय एवं मैदानी क्षेत्रों में लगातार बारिश होने से खो नदी का जलस्तर बढ़ते देखकर क्षेत्रवासियों भयभीत हो गए थे। सिंचाई विभाग एवं जिला प्रशासन बाढ राहत एवं निगरानी के लिए मुस्तैद रहा। सिंचाई विभाग धामपुर के अधिकारी पूरी रात संवेदनशील स्थलों पर दौड़ते रहे। प्रातःकाल लगभग 4 बजे से खो नदी का जलस्तर निरंतर घट रहा है ,समाचार लिखे जाने तक खो बैराज शेरकोट से 50000 क्यूसेक जल डिस्चार्ज किया जा रहा है । विभागीय अधिकारी एवं क्षेत्रवासी राहत की सांस ले रहे हैं।read more:https://pahaltoday.com/demand-to-remove-government-country-liquor-shop-villagers-stage-protest-at-the-collectorate/#google_vignette क्षेत्र के संवेदनशील ग्राम कोपा, नंदगाँव ,नाथाडोई, तिपरजोत, मुकरपुरी सिपाहीवाला, जियोतिहिम्मा एवं हादकपुर में कटान की फिलहाल कोई समस्या नहीं है। ग्राम कोपा में नदी गांव की ओर सिल्ट छोड़कर गाँव से दूरी बनाने का प्रयास कर रही है । लेकिन ग्राम कोपा के डाउन में पीडब्लूडी मार्ग पर अभी खतरा बना हुआ है , ग्रामीणों द्वारा पीडब्लूडी से सड़क की सुरक्षा हेतु सुरक्षात्मक कार्य कराये जाने की मांग की जा रही है । बाढ नियंत्रण कक्ष धामपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार क्षेत्र के सभी तटबन्ध पूर्ण रूप से सुरक्षित हैं। अफजलगढ सिंचाई खण्ड धामपुर के अधिशासी अभियंता अरूण सचदेवा स्वयं क्षेत्रीय लोंगो से दूरभाष पर सम्पर्क कर फीडबैक ले रहे हैं तथा विभागीय गतिविधियों की निरन्तर समीक्षा कर रहे हैं।