गाजीपुर। उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा प्रदेश के बाढ़ संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील जनपदों में आयोजित राज्य स्तरीय मॉक एक्सरसाइज के तहत गुरुवार को जनपद गाजीपुर की पांच तहसीलों सदर, सैदपुर, जमानियां, मुहम्मदाबाद एवं सेवराई में व्यापक स्तर पर बाढ़ राहत एवं बचाव मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य संभावित बाढ़ आपदा के दौरान प्रशासनिक तैयारियों, राहत कार्यों और आमजन की सुरक्षा व्यवस्था का परीक्षण करना रहा।
तहसील सदर क्षेत्र के पोस्ता घाट पर गंगा नदी किनारे अत्यधिक वर्षा एवं बाढ़ के दबाव से मकान क्षतिग्रस्त होने की काल्पनिक स्थिति तैयार की गई, जहां रेस्क्यू टीमों ने 10 से 15 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। वहीं स्नान के दौरान डूब रहे तीन बच्चों को रबर बोट की सहायता से बचाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। राहत शिविर में चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध कराते हुए राजस्व, स्वास्थ्य, पशुपालन समेत विभिन्न विभागों द्वारा कैंप लगाकर लोगों को आपदा से बचाव का प्रशिक्षण दिया गया।read more:https://pahaltoday.com/us-iran-ceasefire-a-positive-step/सैदपुर तहसील के फुलवारी कलां स्थित फुलवारी घाट पर बाढ़ का पानी कम होने के बाद डायरिया एवं फूड प्वाइजनिंग की स्थिति को लेकर स्वास्थ्य विभाग की तत्परता का प्रदर्शन किया गया। एम्बुलेंस के माध्यम से मरीजों को अस्पताल पहुंचाने, क्लोरीन गोली, ओआरएस पैकेट वितरण तथा ब्लीचिंग पाउडर के छिड़काव का अभ्यास कराया गया। साथ ही लाउडस्पीकर और व्हाट्सएप ग्रुप के जरिए जनजागरूकता अभियान भी चलाया गया।जमानियां तहसील के प्राथमिक विद्यालय सोनवल क्षेत्र में बाढ़ के कारण सोनवल रेलवे स्टेशन एवं नेशनल हाईवे-24 के जलमग्न होने की स्थिति में वैकल्पिक मार्ग तैयार कर रोड डायवर्जन का परीक्षण किया गया। रेलवे, एनएचआई और पुलिस विभाग के संयुक्त प्रयास से सायरन एवं लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की गई।मुहम्मदाबाद तहसील के गौसपुर स्थित कोयला घाट पर नाव दुर्घटना की काल्पनिक घटना के तहत रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घायल व्यक्तियों को तत्काल एम्बुलेंस से अस्पताल भेजा गया। कटान प्रभावित क्षेत्रों में गांव खाली कराकर लोगों को बाढ़ शरणालय में पहुंचाया गया, जहां राहत सामग्री, तिरपाल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था का प्रदर्शन किया गया।सेवराई तहसील के नेहरू विद्यापीठ इंटर कॉलेज रेवतीपुर में बाढ़ प्रभावित लोगों एवं पशुओं को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने और राहत शिविर संचालन का अभ्यास किया गया। शिविर में बच्चों की पढ़ाई और खेलकूद की व्यवस्था भी प्रदर्शित की गई। इसी दौरान गैस सिलेंडर में आग लगने की काल्पनिक घटना पर अग्निशमन विभाग एवं स्थानीय लोगों द्वारा आग बुझाने का प्रदर्शन किया गया।दोपहर बाद राहत शिविरों में स्वास्थ्य परीक्षण, गर्भवती महिलाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों के लिए विशेष व्यवस्थाओं तथा खाद्य सामग्री एवं दवाओं के वितरण का अभ्यास कराया गया। एनडीआरएफ टीम, आपदा विशेषज्ञों, मीडियाकर्मियों और स्थानीय नागरिकों की सहभागिता से खोज एवं बचाव कार्यों का सफल प्रदर्शन हुआ।इस अवसर पर उपजिलाधिकारी सदर रवीश कुमार, एनडीआरएफ के असिस्टेंट कमांडेंट राम भुवन यादव, तहसीलदार राजीव यादव, नायब तहसीलदार विजयकांत पांडेय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी, आपदा मित्र एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन आपदा विशेषज्ञ अशोक राय ने किया।