म्योरपुर, सोनभद्र। विंध्य एक्सप्रेस-वे निर्माण की तैयारियों के बीच मुर्धवा-बीजपुर मार्ग स्थित ग्राम पंचायत रनटोला में मिट्टी का परीक्षण शुरू हो गया है। अरुण सॉयल लैब प्राइवेट लिमिटेड के कर्मचारियों ने विभिन्न स्थानों से मिट्टी के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे।
साइट इंचार्ज विकास कुमार ने बताया कि एक्सप्रेस-वे निर्माण के लिए जमीन के नीचे मिट्टी की परतों और उसकी भार सहने की क्षमता का परीक्षण किया जा रहा है। समतल क्षेत्रों में करीब 30 मीटर तथा नदी-नाले वाले क्षेत्रों में डीपीआर के अनुसार करीब 50 मीटर गहराई तक नमूने लिए जा रहे हैं।read more:https://pahaltoday.com/demand-to-remove-government-country-liquor-shop-villagers-stage-protest-at-the-collectorate/#google_vignetteजांच में मिट्टी की विभिन्न परतों, बालू, मोरम, कंकर-पत्थर और चट्टान की स्थिति का पता लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि परीक्षण का मुख्य उद्देश्य यह जानना है कि जमीन भारी वाहनों का दबाव कितना सह सकती है और निर्माण के बाद जमीन धंसने या बैठने की आशंका तो नहीं है। इसी आधार पर एक्सप्रेस-वे की नींव को मजबूत बनाने के लिए आवश्यक तकनीकी निर्णय लिए जाएंगे। बताया गया कि प्रस्तावित विंध्य एक्सप्रेस-वे गाजीपुर, प्रयागराज, मिर्जापुर और सोनभद्र जिलों से होकर गुजरेगा। प्रयागराज से परसाटोला तक प्रस्तावित मार्ग के लिए प्रारंभिक स्तर पर मिट्टी की जांच का कार्य किया जा रहा है।