उत्तर प्रदेश सरकार के दिव्यांग सशक्तिकरण विभाग में पंजीकृत आई.पी.वाई.एफ. ट्रस्ट की इकाई भारतीय मानसिक स्वास्थ्य अनुसंधान केंद्र आई.एम. एच.आर.सी.ने शिया पी.जी. कॉलेज लखनऊ के सहयोग से आठवें अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया जिसका विषय समावेशी और सतत समुदायों का पोषण: सतत विकास के लक्ष्य के लिए अन्त:विषयक अनुसंधान ,नवाचार, और वैश्विक सहयोग(फोस्टरिंग इंक्लूसिव एंड सस्टेनेबल कम्युनिटीज: इंटर डिसीप्लिनरी रिसर्च, इनोवेशन एंड ग्लोबल कोलब्रेशन फॉर सस्टेनेबल डेवलमेंट गोल्स) था प्रो. अमित सिंह विभागाध्यक्ष विधि विभाग एम जे पी रुहेलखंड विश्वविद्यालय की-नोट स्पीकर के रूप में उपस्थित रहे ।
read more:https://pahaltoday.com/villagers-upset-over-garbage-dumping-staged-a-protest-at-the-district-collectorate/ उन्होंने विषय मानसिक स्वास्थ्य, सामाजिक न्याय और कानूनी सशक्तिकरण के माध्यम से समावेशी समुदायों को बढ़ावा देना के अंतर्गत मानसिक स्वास्थ्य देखभाल अधिनियम 2017 पर विस्तार से चर्चा की। जिसके अंतर्गत मानसिक रोगियों के लिए स्वास्थ्य सेवाएं, मानसिक रोगियों के अधिकारों जिनमे रोगियों के इलाज की प्रक्रिया , नि:शुल्क स्वास्थ्य सेवाएं ,उनको अन्य व्यक्तियों के साथ रहने, मानवीय दृष्टिकोण रखते हुए संवेदनशीलता के साथ सुरक्षा एवं उपचारों को प्रदान किए जाने से संबंधित विधिक प्रावधानों को विस्तार से बताया। रोगियों से संबंधित सूचनाओं, मानसिक रोगियों से बात करने की सुरक्षित टेक्निक,बेघर व लावारिस रोगियों के लिए आश्रय गृह, स्वास्थ्य की जांच, पुलिस, परिवार, एवं मानसिक स्वास्थ्य समीक्षा बोर्ड से संबंधित में विधिक मुद्दों को साझा किया। अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में कई देशों के शिक्षाविद्, राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय रिसर्चर, विशेषज्ञ,चिकित्सीय विशेषज्ञ, शिक्षक आदि उपस्थित रहे।
मीडिया सेल
रोहिलखंड विश्वविद्यालय बरेली