सात नहीं 9 फेरे लगे विवाह में; मोटे अनाज के पकवान परोसे गए बारातियों को

Share
सात नहीं 9 फेरे लगे विवाह में; मोटे अनाज के पकवान परोसे गए बारातियों को
अजीत विक्रम
गाजीपुर। सात नहीं 9 फेरे लगे विवाह में; मोटे अनाज के पकवान परोसे गए बारातियों को। विवाह के बाद पौध रोपण कर जीवन की शुरुआत किया नव-दम्पत्ति ने। गाजीपुर में 49 साल पूर्व डीएम रहे डॉक्टर कमल टावरी ने मित्र की बेटी का किया कन्यादान। अनोखी शादी गाजीपुर जलसा गार्डन में संपन्न हुई जिसकी चर्चा चारों तरफ हो रही है। मनिहारी विकास खण्ड के यूसुफपुर (खड़बा) गांव निवासी समाजिक कार्यकर्ता एवं यूट्यूबर ब्रजभूषण दूबे की बेटी प्राची भूषण का विवाहोत्सव 17 फरवरी को मऊ जनपद स्थित ब्राह्मण पुरा गांव निवासी इंजीनियर प्रवीण दूबे के साथ सनातन पद्धति से सम्पन्न हुआ। विवाह में बाराती और घरातियों को ज्वार बाजरा रागी तथा अलसी के लड्डू परोसे गए साथ ही भोजन में सावां की खीर ज्वार बाजरे का भात एवं मड़वे की रोटी परोसी गई जिसे खूब चाव से खाया एवं सराहा गया। मिलेट्स (सुपर फूड) के पकवान नई जनरेशन के लिए किसी आश्चर्य से कम नहीं था। बेटी के पिता ब्रजभूषण दूबे ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी के आह्वान पर पूरे विश्व ने वर्ष 2023 मिलेट्स ईयर के रूप में स्वीकार किया है। इसके ग्रहण करने से पोषण तो होता ही है बल्कि रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ती है। 1968 बैच के आईएएस तथा 49 साल पहले गाजीपुर में जिलाधिकारी रहे डॉक्टर कमल टावरी ने अपने मित्र ब्रज भूषण दूबे की बेटी की शादी में कन्यादान भी किया। बहुधा सात फेरे सनातन और हिंदू धर्म की परंपरा के अनुरूप लगाए जाते हैं किंतु इस शादी में कुल 9 फेरे लगाए गए। आठवां फेरा पर्यावरण को बचाने के तथा नवां फेरा कन्या भ्रूण हत्या न करने के लिए लगाया वर वधू ने। सामाजिक कार्यकर्ता ब्रज भूषण दूबे की बेटी प्राची के विवाह में पर्यावरण मित्र कुशीनगर स्थित रामकोला निवासी जितेन्द्र यादव एवं धर्मू गोड़ द्वारा चार दिनों तक लगातार साइकिल चलाकर आम तथा पाकड़ के 13 फीट लंबे पौधे लाए गए जिसे 18 फरवरी को विदाई के उपरांत सराय गोकुल ग्राम स्थित सिद्ध पीठ ठड़ेश्वरी नाथ मंदिर पर प्राची और प्रवीण ने लगाकर अपने जीवन की शुरुआत पर्यावरण संरक्षण के साथ किया। स्वस्ति वाचन से मंदिर के महंत ओंकारनाथ गिरी एवं पुजारी शुभम तथा सत्यम गिरी ने वैदिक मंत्रोच्चार के अंग-वस्त्रम देकर स्वागत किया। जयप्रकाश नारायण विश्वविद्यालय छपरा के पूर्व कुलपति प्रोफेसर हरिकेश सिंह मंत्री विजय मिश्रा सेवा निवृत्त आईएएस डॉक्टर कमल टावरी, सेवा निवृत्त डीपीआरओ अंबिका सिंह सैन्य अधिकारी रहे छोटे लाल दूबे द्वारा नव-दम्पत्ति को आशीर्वाद देते हुए ऐसी शादियों पर जोर दिया। संचालन सिद्ध पीठ ठड़ेश्वरी नाथ मंदिर के पीठाधीश्वर ओंकारनाथ गिरी द्वारा किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *