केंद्र का दावा : देश में गैस की कोई किल्लत नहीं, कमर्शियल गैस की आपूर्ति पूरी तरह बहाल

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नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने देशभर में घरेलू उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी, पाइप्ड नेचुरल गैस, और परिवहन क्षेत्र के लिए सीएनजी की 100 प्रतिशत आपूर्ति सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि घरेलू गैस आपूर्ति पूरी तरह स्थिर है और किसी भी वितरक केंद्र पर गैस की कमी या सप्लाई बाधित होने की कोई सूचना नहीं है। एक अंतर-मंत्रालयी प्रेस ब्रीफिंग में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि घरेलू एलपीजी की आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है और देश के किसी भी एलपीजी वितरक केंद्र पर ‘ड्राई-आउट’ की स्थिति नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि आम नागरिकों को रसोई गैस की उपलब्धता में किसी प्रकार की परेशानी न हो।सुजाता शर्मा ने बताया कि वाणिज्यिक एलपीजी और पीएनजी की आपूर्ति को भी धीरे-धीरे बहाल किया जा रहा है और वर्तमान में इसे 70 प्रतिशत तक पुनर्स्थापित किया जा चुका है।read more:https://worldtrustednews.in/applications-invited-for-short-film-competition-on-human-rights-winners-will-get-prizes-worth-lakhs/

उन्होंने कहा कि अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को प्राथमिकता के आधार पर गैस आपूर्ति दी जा रही है ताकि आवश्यक सेवाओं पर कोई असर न पड़े। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि प्रवासी मजदूरों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए पांच किलोग्राम वाले फ्री-ट्रेड एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति दोगुनी कर दी गई है। अप्रैल महीने में अब तक 1 लाख 75 हजार टन से अधिक वाणिज्यिक एलपीजी की बिक्री हो चुकी है, जबकि केवल कल के दिन 9 हजार 578 टन एलपीजी की आपूर्ति दर्ज की गई। इस बीच, पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति को देखते हुए वस्त्र मंत्रालय भी हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है। वस्त्र मंत्रालय के व्यापार सलाहकार बिपिन मेनन ने कहा कि शिपिंग व्यवधान और लॉजिस्टिक चुनौतियों से निपटने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। निर्यातकों को वैकल्पिक समुद्री मार्गों और जेद्दा जैसे बंदरगाहों के उपयोग की सलाह दी गई है ताकि निर्यात गतिविधियां प्रभावित न हों। उन्होंने कहा कि ईंधन और गैस की आपूर्ति फिलहाल औसत खपत के लगभग 80 प्रतिशत स्तर पर स्थिर बनी हुई है, जिससे औद्योगिक गतिविधियों पर किसी बड़े संकट की आशंका नहीं है।

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