Khabar Entertainment: सरप्राइज से भरपूर होगा क्रिटिक चॉइस अवॉर्ड्स का तीसरा संस्करण

Khabar Entertainment: सरप्राइज से भरपूर होगा क्रिटिक चॉइस अवॉर्ड्स का तीसरा संस्करण

मुंबई, 10 दिसंबर (वार्ता) क्रिटिक चॉइस अवॉर्ड्स के आयोजकों का कहना है की इस अवार्ड का तीसरा संस्करण सरप्राइज से भरपूर होगा।

क्रिटिक चॉइस अवॉर्ड्स का तीसरा संस्करण कई सारे सरप्राइज से भरा होगा क्योंकि इस बार सभी भारतीय भाषाओं की सीरीज, फीचर फिल्म, शॉर्ट्स, होनहार कलाकारों और टेक्नीशियन को एक ही मंच पर लाकर सम्मानित किया जाएगा। पिछले वर्ष के विजेताओं की लिस्ट में मनोरंजन जगत के शानदार बड़े नाम शामिल हैं जिनमें विजय सेतुपति, रणवीर सिंह, शेफाली शाह, मनोज वाजपेयी, मामूट्टी, नानी और सामंथा प्रभु शामिल हैं। आगामी अवॉर्ड सेरेमनी वर्चुअली आयोजित की जाएगी, जल्द ही इसके तारीख की घोषणा की जाएगी।

विस्टास मीडिया कैपिटल के सहयोग से फिल्म क्रिटिक्स गिल्ड और मोशन कंटेंट ग्रुप मिलकर क्रिटिक्स च्वाइस अवार्ड्स 2020 के तीसरे संस्करण के लिए एक साथ आ रहे हैं, जिसमें पैनेल डिसकशन और वीडियो नगेट्स की एक सीरीज़ की शुरुआत कि गई है। निर्देशक, निर्माता,अभिनेता, स्क्रीन राइटर सुजॉय घोष, वरिष्ठ पत्रकार, फिल्म क्रिटिक, भावना सोमाया और फिल्म समीक्षक, सईबल चैटर्जी ने लघु फिल्मों के चलन पर विचार-विमर्श किया और इस चर्चा का संचालन स्तुति घोष ने किया।

सुजॉय घोष ने कहा, “मुझे छह साल लग गए शॉर्ट फिल्म्स को पूरी तरह समझने में, और मुझे आज तक समझ नहीं आया कि किसी कहानी को 12 मिनट में कैसे बताया जाए। एक लघु फिल्म को आप कैसे शुरू करते हैं? कैसे उसका मध्य प्राप्त करते हैं? और कैसे अंत करते हैं? वास्तव में मुझे यह सवाल सबसे ज़्यादा भ्रमित करता है कि मुझे शॉर्ट फिल्म्स क्यों बनाना है इसकी आवश्यकता क्या है? जब आप शॉर्ट फिल्म बनाते हैं तब आपको ना सिर्फ कॉन्टेंट बनाने की ओर ध्यान देना है बल्कि उसे कैसे वितरित किया जाए इस बात को भी महत्व देना है। ”

प्रकाश झा ने कहा, “वर्ष 2020 बहुत ही धमाकेदार रहा है। हमने ओटीटी इस माध्यम से फीचर फिल्मों और वेब सिरीज़ को प्रदर्शनी के रूप में देखा है। अपना पूरा जीवन फिल्मों में अर्पित करने के बाद वेब सीरीज़ से मुझे यह सीखने को मिला कि किस तरह एक एक किरदार को प्रस्तुत किया जाए जो आपके प्लॉट को महत्वपूर्ण बनाए और कहानी को विस्तारित करें और हर किरदार को आकर्षक और मनोरंजक कैसे बनाए।”

प्रेम सूरज

वार्ता