देहरादून :प्रदेशवासियों के लिए राहत भरी खबर है। इस बार प्रदेश में बिजली महंगी नहीं होगी।नियामक आयोग ने इस साल टैरिफ में कोई बढ़ोतरी नहीं की है।नियामक आयोग के अध्यक्ष एमएल प्रसाद, सदस्य विधि अनुराग शर्मा, सदस्य तकनीकी प्रभात किशोर डिमरी की प्रेस वार्ता कर इसकी जानकारी दी।बता दें कि यूपीसीएल, यूजेवीएनएल और पिटकुल ने मिलकर नियामक आयोग से 18.50 प्रतिशत बढ़ोतरी मांगी थी। लेकिन आयोग ने ट्रैरिफ बढ़ाने से मना कर दिया है। वहीं, कुछ उपभोक्ता श्रेणी में बदलाव किया गया है। प्रीपेड मीटर योजना का लाभ उठाने वाले उपभोक्ताओं को ऊर्जा प्रभार में 4% और अन्य को 3% की छूट मिलेगी। साथ ही आयोग ने यूपीसीएल को 10 सबसे ज्यादा हानि वाले फीडर की पहचान के लिए समिति गठित करने के आदेश दिए।
एलपीजी की कोई किल्लत नहीं, गड़बड़ करने वालों पर होगी एफआईआर: मंत्री रेखा आर्या
देहरादून : प्रदेश में घरेलू सिलिंडरों की पर्याप्त सप्लाई आ रही है और किसी भी जनपद में किल्लत जैसी स्थिति नहीं है। अगर कोई कृत्रिम अभाव पैदा करने की कोशिश करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह बात खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने मंगलवार को एलपीजी की मांग और सप्लाई को लेकर समीक्षा बैठक के बाद कही। मंत्री ने बताया कि प्रदेश में 3555559 घरेलू एलपीजी कनेक्शन हैं जबकि कमर्शियल कनेक्शन की संख्या 60976 है। वर्तमान में प्रदेश में 80861 घरेलू गैस सिलिंडर और 12146 कमर्शियल सिलिंडर का स्टॉक मौजूद है। इसके अलावा दैनिक रूप से पर्याप्त सप्लाई पहुंच रही है। घरेलू सिलिंडरों की डिलीवरी में कहीं कोई समस्या नहीं है। उन्होंने सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को कहा कि किसी भी सूरत में गैस एजेंसी या स्टोर रूम से सिलिंडर न दिए जाएं बल्कि सभी उपभोक्ताओं को होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। कहा कि केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित की गई एसओपी के मुताबिक, अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थाओं को कमर्शियल गैस सिलिंडर की सप्लाई नियमित रूप से हो रही है।जो व्यवसायी कमर्शियल सिलिंडर का कनेक्शन लेना चाहते हैं, उन्हें आवेदन के 24 घंटे के भीतर कमर्शियल कनेक्शन उपलब्ध कराने के निर्देश गैस कंपनियों को दिए गए हैं। प्रदेश सरकार कालाबाजारी, जमाखोरी और मुनाफाखोरी से कड़ाई से निपट रही है। अभी तक प्रदेश में 173 जगह छापेमारी की गई है और कुल 15 एफआईआर दर्ज कराई गई है।
प्रदेश में पीएनजी के कनेक्शन तेजी से बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है और वह इस बारे में केंद्र को पत्र लिखकर पीएनजी लाइन के लिए जल्द से जल्द एनओसी सुनिश्चित करने का अनुरोध करेगी।