मीरजापुर। राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना द्वारा पड़री थाना क्षेत्र अंतर्गत करणी सेना के उपाध्यक्ष प्रिंस सिंह के नेतृत्व में महाराणा प्रताप की जयंती मनाई गई। सर्वप्रथम महाराणा प्रताप के चित्र पर माल्यार्पण कर उनको नमन किया गया। कार्यक्रम में बताओ और मुख्य अतिथि जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अभय राज सिंह एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में बार सचिव जंग बहादुर एवं जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुरेश त्रिपाठी उपस्थित रहे। श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेवा के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह गहरवा ने इस अवसर पर अपने उद्बोधन में कहा कि महाराणा प्रताप, जिन्हें राणा प्रताप सिंह के नाम से भी जाना जाता है। 16वीं शताब्दी में राजस्थान, भारत के मेवाड़ क्षेत्र के एक प्रसिद्ध राजपूत योद्धा और शासक थे। उनका जन्म 9 मई, 1540 को हुआ था और उन्होंने 1572 से 19 जनवरी, 1597 को अपनी मृत्यु तक शासन किया। महाराणा प्रताप अपनी बहादुरी और अपने राज्य के प्रति प्रेम के लिए प्रसिद्ध हैं। उन्होंने मुगल सम्राट अकबर के खिलाफ कई युद्ध लड़े। आज जरूरत है उनके आदर्शों पर चलने की और उनको आत्मसात करने की। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित जिला बार एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष अभयराज सिंह ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि महाराणा प्रताप भारतीय इतिहास के महानतम योद्धाओं में से एक हैं।read more:https://pahaltoday.com/muslims-will-no-longer-be-used-for-vote-bank-politics-wasim-rain/
वीरता, बलिदान और देशभक्ति के प्रतीक, उन्हें मुगल साम्राज्य के विरुद्ध उनके कठोर प्रतिरोध और मेवाड़ के गौरव की रक्षा के लिए उनकी अद्वितीय निष्ठा के लिए याद किया जाता है। कार्यक्रम के आयोजक/ संयोजक ठाकुर प्रिंस सिंह ने अपने संबोधन के दौरान कहा कि महाराणा प्रताप की सबसे बड़ी ताकत थी उनकी अटल इच्छाशक्ति और स्वतंत्रता के प्रति प्रेम। उन्होंने न केवल मुगलों की शक्ति का सामना किया, बल्कि उन राजपूत शासकों को भी जवाब दिया जो मुगलों के साथ समझौता कर चुके थे। महाराणा प्रताप का जीवन हमें सिखाता है कि सच्चा योद्धा वही है जो विपरीत परिस्थितियों में भी अपने आदर्शों पर अडिग रहता है। इस अवसर पर श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अनेक वक्ताओं ने भी अपने विचार प्रस्तुत किये। इस अवसर पर प्रमुख रूप से उपस्थित रहने वालों में राकेश सिंह राणा मोहित सिंह कुश कुमार सिंह प्रिंस सिंह, शाश्वत सिंह, अभिषेक सिंह धवल, युवराज शिवम सिंह इंस्पेक्टर सिंह शिवम अवनीश सिंह पंचम सिंह धनंजय सिंह पंचराज सिंह जंग बहादुर सिंह मनीष सिंह राजेश सिंह बैधा शामिल रहे।